श्री महालक्ष्मी अष्टक स्तोत्र हिंदी अर्थ सहित :
Shri Mahalaxmi Ashtak Stotra with Hindi meaning
एकदा दुर्वाशा ऋषि द्वारा श्रापित देवराज इंद्र ने धन- वैभव हराकर कंगाल बन गया था। माँ महालक्ष्मी उसके लिए तीनों लोक से अदृश्य हो गए थे। उस समय इंद्र ने लक्षमी माता को वापस लाने के लिए यह अष्टक रचना किया था, जिससे लक्ष्मी जी उसके पास लौट आये थे।।
